ज्येष्ठ (पूर्णिमांत), वैशाख (अमांत)

वट सावित्री 2026 कब है: तारीख़ और पूजा का समय

पंचांग में: वट सावित्री व्रत (अमावस्या)

यह 2026 का पृष्ठ है। तिथि बीत चुकी है। वट सावित्री 2027 देखें

भारत (नई दिल्ली) और वॉशिंगटन डीसी, दोनों में वट सावित्री व्रत (अमावस्या) शनिवार, 16 मई 2026 को है। वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): नई दिल्ली में दोपहर 1:39 – शाम 4:22; वॉशिंगटन डीसी में दोपहर 2:30 – शाम 4:01।

  • भारत

    शनिवार, 16 मई 2026

    नई दिल्ली। उत्तर भारतीय परंपरा।

  • दूसरी गणना

    सोमवार, 29 जून 2026

    वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा)।

वॉशिंगटन डीसी में भी यही तारीख़ है।

वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न)

दोपहर 1:39 – शाम 4:22

नई दिल्ली शनिवार, 16 मई

वॉशिंगटन डीसी में: दोपहर 2:30 – शाम 4:01।

नई दिल्ली में नहीं हैं? नीचे तालिका में अपना शहर देखें।

तारीख़ें अलग क्यों हैं

उत्तर भारत (पूर्णिमांत): ज्येष्ठ अमावस्या, जो अमांत पंचांग में वैशाख अमावस्या है, जिस दिन वह अपराह्न में हो; यदि दोनों दिन हो, तो जिस दिन वह अपराह्न में अधिक समय रहे; बराबर हो तो अमावस्या का नियम।

तारीख़ तय करने वाले समय (नई दिल्ली): अमावस्या सुबह 5:11, 16 मई से 16 मई की रात 1:31 तक; अपराह्न दोपहर 1:39 से शाम 4:22, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 1:39 से शाम 4:22, 17 मई तक। अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।

हर तारीख़ अपनी जगह और अपने नियम से निकलती है। कोई भी गलत नहीं है।

हर शहर में वट सावित्री 2026

भारत

शहर तारीख़ निर्णायक समय यह भी
नई दिल्ली शनिवार, 16 मई अमावस्या सुबह 5:11, 16 मई से 16 मई की रात 1:31 तक; अपराह्न दोपहर 1:39 से शाम 4:22, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 1:39 से शाम 4:22, 17 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 1:39 – शाम 4:22
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): सोमवार, 29 जून
मुंबई शनिवार, 16 मई अमावस्या सुबह 5:11, 16 मई से 16 मई की रात 1:31 तक; अपराह्न दोपहर 1:53 से शाम 4:29, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 1:53 से शाम 4:29, 17 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 1:53 – शाम 4:29
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): सोमवार, 29 जून
कोलकाता शनिवार, 16 मई अमावस्या सुबह 5:11, 16 मई से 16 मई की रात 1:31 तक; अपराह्न दोपहर 12:52 से दोपहर 3:31, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 12:52 से दोपहर 3:31, 17 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 12:52 – दोपहर 3:31
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): सोमवार, 29 जून
चेन्नई शनिवार, 16 मई अमावस्या सुबह 5:11, 16 मई से 16 मई की रात 1:31 तक; अपराह्न दोपहर 1:21 से दोपहर 3:54, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 1:21 से दोपहर 3:54, 17 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 1:21 – दोपहर 3:54
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): सोमवार, 29 जून
बेंगलुरु शनिवार, 16 मई अमावस्या सुबह 5:11, 16 मई से 16 मई की रात 1:31 तक; अपराह्न दोपहर 1:32 से शाम 4:05, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 1:32 से शाम 4:05, 17 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 1:32 – शाम 4:05
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): सोमवार, 29 जून
हैदराबाद शनिवार, 16 मई अमावस्या सुबह 5:11, 16 मई से 16 मई की रात 1:31 तक; अपराह्न दोपहर 1:30 से शाम 4:05, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 1:30 से शाम 4:05, 17 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 1:30 – शाम 4:05
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): सोमवार, 29 जून
अहमदाबाद शनिवार, 16 मई अमावस्या सुबह 5:11, 16 मई से 16 मई की रात 1:31 तक; अपराह्न दोपहर 1:55 से शाम 4:34, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 1:55 से शाम 4:35, 17 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 1:55 – शाम 4:34
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): सोमवार, 29 जून
सूरत शनिवार, 16 मई अमावस्या सुबह 5:11, 16 मई से 16 मई की रात 1:31 तक; अपराह्न दोपहर 1:54 से शाम 4:31, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 1:54 से शाम 4:32, 17 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 1:54 – शाम 4:31
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): सोमवार, 29 जून
पुणे शनिवार, 16 मई अमावस्या सुबह 5:11, 16 मई से 16 मई की रात 1:31 तक; अपराह्न दोपहर 1:49 से शाम 4:25, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 1:49 से शाम 4:25, 17 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 1:49 – शाम 4:25
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): सोमवार, 29 जून
जयपुर शनिवार, 16 मई अमावस्या सुबह 5:11, 16 मई से 16 मई की रात 1:31 तक; अपराह्न दोपहर 1:44 से शाम 4:26, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 1:44 से शाम 4:26, 17 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 1:44 – शाम 4:26
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): सोमवार, 29 जून
लखनऊ शनिवार, 16 मई अमावस्या सुबह 5:11, 16 मई से 16 मई की रात 1:31 तक; अपराह्न दोपहर 1:23 से शाम 4:05, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 1:23 से शाम 4:05, 17 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 1:23 – शाम 4:05
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): सोमवार, 29 जून
वाराणसी शनिवार, 16 मई अमावस्या सुबह 5:11, 16 मई से 16 मई की रात 1:31 तक; अपराह्न दोपहर 1:14 से दोपहर 3:55, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 1:15 से दोपहर 3:55, 17 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 1:14 – दोपहर 3:55
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): सोमवार, 29 जून
पटना शनिवार, 16 मई अमावस्या सुबह 5:11, 16 मई से 16 मई की रात 1:31 तक; अपराह्न दोपहर 1:06 से दोपहर 3:47, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 1:06 से दोपहर 3:47, 17 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 1:06 – दोपहर 3:47
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): सोमवार, 29 जून
चंडीगढ़ शनिवार, 16 मई अमावस्या सुबह 5:11, 16 मई से 16 मई की रात 1:31 तक; अपराह्न दोपहर 1:41 से शाम 4:26, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 1:41 से शाम 4:26, 17 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 1:41 – शाम 4:26
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): सोमवार, 29 जून
भोपाल शनिवार, 16 मई अमावस्या सुबह 5:11, 16 मई से 16 मई की रात 1:31 तक; अपराह्न दोपहर 1:36 से शाम 4:15, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 1:36 से शाम 4:16, 17 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 1:36 – शाम 4:15
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): सोमवार, 29 जून
तिरुवनंतपुरम शनिवार, 16 मई अमावस्या सुबह 5:11, 16 मई से 16 मई की रात 1:31 तक; अपराह्न दोपहर 1:33 से शाम 4:03, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 1:33 से शाम 4:04, 17 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 1:33 – शाम 4:03
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): सोमवार, 29 जून

अमेरिका

शहर तारीख़ निर्णायक समय यह भी
न्यूयॉर्क शनिवार, 16 मई अमावस्या शाम 7:41, 15 मई से शाम 4:01, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:19 से शाम 5:12, 15 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:19 से शाम 5:13, 16 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 2:19 – शाम 4:01
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): रविवार, 28 जून
एडिसन, न्यू जर्सी शनिवार, 16 मई अमावस्या शाम 7:41, 15 मई से शाम 4:01, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:20 से शाम 5:14, 15 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:21 से शाम 5:14, 16 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 2:21 – शाम 4:01
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): रविवार, 28 जून
वॉशिंगटन डीसी शनिवार, 16 मई अमावस्या शाम 7:41, 15 मई से शाम 4:01, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:30 से शाम 5:22, 15 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:30 से शाम 5:22, 16 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 2:30 – शाम 4:01
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): रविवार, 28 जून
अटलांटा शनिवार, 16 मई अमावस्या शाम 7:41, 15 मई से शाम 4:01, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:57 से शाम 5:44, 15 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:57 से शाम 5:45, 16 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 2:57 – शाम 4:01
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): रविवार, 28 जून
बॉस्टन शनिवार, 16 मई अमावस्या शाम 7:41, 15 मई से शाम 4:01, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:08 से शाम 5:03, 15 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:08 से शाम 5:04, 16 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 2:08 – शाम 4:01
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): रविवार, 28 जून
फिलाडेल्फिया शनिवार, 16 मई अमावस्या शाम 7:41, 15 मई से शाम 4:01, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:23 से शाम 5:16, 15 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:23 से शाम 5:16, 16 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 2:23 – शाम 4:01
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): रविवार, 28 जून
शिकागो शनिवार, 16 मई अमावस्या शाम 6:41, 15 मई से दोपहर 3:01, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:14 से शाम 5:09, 15 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:14 से शाम 5:09, 16 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 2:14 – दोपहर 3:01
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): रविवार, 28 जून
ह्यूस्टन शनिवार, 16 मई अमावस्या शाम 6:41, 15 मई से दोपहर 3:01, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:39 से शाम 5:23, 15 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:40 से शाम 5:24, 16 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 2:40 – दोपहर 3:01
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): रविवार, 28 जून
डलास शनिवार, 16 मई अमावस्या शाम 6:41, 15 मई से दोपहर 3:01, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:46 से शाम 5:33, 15 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:46 से शाम 5:33, 16 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 2:46 – दोपहर 3:01
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): रविवार, 28 जून
लॉस एंजिल्स शुक्रवार, 15 मई अमावस्या शाम 4:41, 15 मई से दोपहर 1:01, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:13 से शाम 5:00, 15 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:13 से शाम 5:00, 16 मई तक
अमावस्या केवल 15 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): शाम 4:41 – शाम 5:00
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): रविवार, 28 जून
भारत (नई दिल्ली) में: शनिवार, 16 मई
सैन होज़े शुक्रवार, 15 मई अमावस्या शाम 4:41, 15 मई से दोपहर 1:01, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:29 से शाम 5:19, 15 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:29 से शाम 5:19, 16 मई तक
अमावस्या केवल 15 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): शाम 4:41 – शाम 5:19
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): रविवार, 28 जून
भारत (नई दिल्ली) में: शनिवार, 16 मई
फ़्रीमॉन्ट शुक्रवार, 15 मई अमावस्या शाम 4:41, 15 मई से दोपहर 1:01, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:29 से शाम 5:20, 15 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:29 से शाम 5:20, 16 मई तक
अमावस्या केवल 15 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): शाम 4:41 – शाम 5:20
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): रविवार, 28 जून
भारत (नई दिल्ली) में: शनिवार, 16 मई
सनीवेल शुक्रवार, 15 मई अमावस्या शाम 4:41, 15 मई से दोपहर 1:01, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:29 से शाम 5:20, 15 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:30 से शाम 5:20, 16 मई तक
अमावस्या केवल 15 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): शाम 4:41 – शाम 5:20
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): रविवार, 28 जून
भारत (नई दिल्ली) में: शनिवार, 16 मई
क्यूपर्टिनो शुक्रवार, 15 मई अमावस्या शाम 4:41, 15 मई से दोपहर 1:01, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:29 से शाम 5:20, 15 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:30 से शाम 5:20, 16 मई तक
अमावस्या केवल 15 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): शाम 4:41 – शाम 5:20
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): रविवार, 28 जून
भारत (नई दिल्ली) में: शनिवार, 16 मई
सिएटल शुक्रवार, 15 मई अमावस्या शाम 4:41, 15 मई से दोपहर 1:01, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:36 से शाम 5:38, 15 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:37 से शाम 5:39, 16 मई तक
अमावस्या केवल 15 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): शाम 4:41 – शाम 5:38
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): रविवार, 28 जून
भारत (नई दिल्ली) में: शनिवार, 16 मई

ब्रिटेन

शहर तारीख़ निर्णायक समय यह भी
लंदन शनिवार, 16 मई अमावस्या 15 मई की रात 12:41 से रात 9:01, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:31 से शाम 5:38, 15 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:31 से शाम 5:39, 16 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 2:31 – शाम 5:39
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): सोमवार, 29 जून
बर्मिंघम, यूके शनिवार, 16 मई अमावस्या 15 मई की रात 12:41 से रात 9:01, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:38 से शाम 5:48, 15 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:39 से शाम 5:48, 16 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 2:39 – शाम 5:48
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): सोमवार, 29 जून
लेस्टर शनिवार, 16 मई अमावस्या 15 मई की रात 12:41 से रात 9:01, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:36 से शाम 5:45, 15 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:36 से शाम 5:46, 16 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 2:36 – शाम 5:46
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): सोमवार, 29 जून
मैनचेस्टर शनिवार, 16 मई अमावस्या 15 मई की रात 12:41 से रात 9:01, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:41 से शाम 5:52, 15 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:41 से शाम 5:53, 16 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 2:41 – शाम 5:53
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): सोमवार, 29 जून

कनाडा

शहर तारीख़ निर्णायक समय यह भी
टोरंटो शनिवार, 16 मई अमावस्या शाम 7:41, 15 मई से शाम 4:01, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:42 से शाम 5:39, 15 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:42 से शाम 5:39, 16 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 2:42 – शाम 4:01
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): रविवार, 28 जून
ब्रैम्पटन शनिवार, 16 मई अमावस्या शाम 7:41, 15 मई से शाम 4:01, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:44 से शाम 5:40, 15 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:44 से शाम 5:41, 16 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 2:44 – शाम 4:01
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): रविवार, 28 जून
वैंकूवर शुक्रवार, 15 मई अमावस्या शाम 4:41, 15 मई से दोपहर 1:01, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:41 से शाम 5:45, 15 मई तक; अपराह्न दोपहर 2:41 से शाम 5:46, 16 मई तक
अमावस्या केवल 15 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): शाम 4:41 – शाम 5:45
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): रविवार, 28 जून
भारत (नई दिल्ली) में: शनिवार, 16 मई
कैलगरी शुक्रवार, 15 मई अमावस्या शाम 5:41, 15 मई से दोपहर 2:01, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 3:06 से शाम 6:13, 15 मई तक; अपराह्न दोपहर 3:06 से शाम 6:14, 16 मई तक
अमावस्या केवल 15 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): शाम 5:41 – शाम 6:13
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): रविवार, 28 जून
भारत (नई दिल्ली) में: शनिवार, 16 मई

ऑस्ट्रेलिया

शहर तारीख़ निर्णायक समय यह भी
सिडनी शनिवार, 16 मई अमावस्या सुबह 9:41, 16 मई से सुबह 6:01, 17 मई तक; अपराह्न दोपहर 12:53 से दोपहर 2:57, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 12:53 से दोपहर 2:57, 17 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 12:53 – दोपहर 2:57
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): सोमवार, 29 जून
मेलबर्न शनिवार, 16 मई अमावस्या सुबह 9:41, 16 मई से सुबह 6:01, 17 मई तक; अपराह्न दोपहर 1:16 से दोपहर 3:17, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 1:16 से दोपहर 3:17, 17 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 1:16 – दोपहर 3:17
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): सोमवार, 29 जून
ब्रिस्बेन शनिवार, 16 मई अमावस्या सुबह 9:41, 16 मई से सुबह 6:01, 17 मई तक; अपराह्न दोपहर 12:48 से दोपहर 2:57, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 12:48 से दोपहर 2:57, 17 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 12:48 – दोपहर 2:57
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): सोमवार, 29 जून
पर्थ शनिवार, 16 मई अमावस्या सुबह 7:41, 16 मई से सुबह 4:01, 17 मई तक; अपराह्न दोपहर 1:15 से दोपहर 3:21, 16 मई तक; अपराह्न दोपहर 1:15 से दोपहर 3:21, 17 मई तक
अमावस्या केवल 16 मई को अपराह्न में है।
वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 1:15 – दोपहर 3:21
वट पूर्णिमा (महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक: ज्येष्ठ पूर्णिमा): सोमवार, 29 जून

वट सावित्री के दिन का पंचांग: शनिवार, 16 मई 2026, नई दिल्ली

तिथि
कृष्ण अमावस्या (समाप्त रात 1:31, अगले दिन), फिर प्रतिपदा (समाप्त रात 9:41, अगले दिन)
नक्षत्र
भरणी (समाप्त शाम 5:30), फिर कृत्तिका (समाप्त दोपहर 2:32, अगले दिन) इस नक्षत्र के नाम-अक्षर
योग
सौभाग्य (समाप्त सुबह 10:26), फिर शोभन (समाप्त सुबह 6:16, अगले दिन)
करण
चतुष्पद (समाप्त दोपहर 3:23), फिर नाग (समाप्त रात 1:31, अगले दिन), फिर किंस्तुघ्न (समाप्त सुबह 11:36, अगले दिन)
वार
शनिवार
मास
वैशाख (अमांत) · ज्येष्ठ (पूर्णिमांत)
तमिल मास
वैकासि 2 (सौर मास)
संवत
विक्रम संवत 2083 (चैत्रादि) · विक्रम संवत (कार्तिकादि, गुजराती) 2082 · शक संवत 1948
सूर्योदय
सुबह 5:30
सूर्यास्त
शाम 7:05
चंद्रोदय
–
चंद्रास्त
शाम 6:43
राहु काल
सुबह 8:53 – सुबह 10:35
यमगण्ड
दोपहर 1:59 – दोपहर 3:41
गुलिक काल
सुबह 5:30 – सुबह 7:11
अभिजित मुहूर्त
सुबह 11:50 – दोपहर 12:44
ब्रह्म मुहूर्त
सुबह 4:06 – सुबह 4:48

दिल्ली का आज का पंचांग

त्योहार के बारे में

वट सावित्री एक व्रत है जो विवाहित महिलाएँ अपने पति और परिवार की लंबी आयु और कुशलता के लिए रखती हैं। यह सावित्री का सम्मान करता है, जो महाभारत में मृत्यु के देवता यम के पीछे चलकर अपने पति सत्यवान का जीवन वापस पाती हैं।

पूजादीप के लिए लिखा गया, और नीचे दिए गए स्रोतों से मिलाया गया। स्रोत देखें

वट सावित्री की पूरी जानकारी पढ़ें: क्या, क्यों और कैसे

परिवारों के प्रश्न

मेरे शहर में वट सावित्री 2026 का समय क्या है?

ऊपर की तालिका में हर शहर के अपने समय हैं, उसी शहर के लिए गणना किए हुए। नई दिल्ली में वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 1:39 – शाम 4:22। वॉशिंगटन डीसी में वट सावित्री व्रत (अमावस्या) मुहूर्त (अपराह्न): दोपहर 2:30 – शाम 4:01। अपने शहर का पंचांग देखें

वट सावित्री 2027 कब है?

तारीख़ हिंदू पंचांग से तय होती है, इसलिए अंग्रेज़ी कैलेंडर में हर साल बदलती है। 2027 में वट सावित्री भारत (नई दिल्ली) में शुक्रवार, 4 जून 2027 को है। वट सावित्री 2027

मेरे शहर की तारीख़ कैसे निकाली जाती है?

हर शहर की तारीख़ उसी शहर के लिए निकाली जाती है: उसके अपने सूर्योदय-सूर्यास्त और तिथि के आरंभ-अंत के समय से, नीचे दिए नियम के साथ। ऊपर की तालिका में अपना शहर देखें।

वट सावित्री की तिथि कौन-सा नियम तय करता है?

उत्तर भारत (पूर्णिमांत): ज्येष्ठ अमावस्या, जो अमांत पंचांग में वैशाख अमावस्या है, जिस दिन वह अपराह्न में हो; यदि दोनों दिन हो, तो जिस दिन वह अपराह्न में अधिक समय रहे; बराबर हो तो अमावस्या का नियम। हम तिथियाँ कैसे निकालते हैं

नियम और उसके स्रोत

परंपरा: उत्तर भारतीय।

  • महाराष्ट्र, गुजरात और कर्नाटक यही व्रत ज्येष्ठ पूर्णिमा को रखते हैं, लगभग दो सप्ताह बाद, या जिस वर्ष अधिक ज्येष्ठ हो उसमें लगभग छह सप्ताह बाद।
  • निर्णय की अवधि प्रकाशित पंचांगों से निकाली गई है; गणना-विधि के पृष्ठ पर ज्ञात अंतर देखें।

नियम के स्रोत

संबंधित

43 शहरों के लिए गणना, शनिवार, 16 मई 2026

नियम: उत्तर भारत (पूर्णिमांत): ज्येष्ठ अमावस्या, जो अमांत पंचांग में वैशाख अमावस्या है, जिस दिन वह अपराह्न में हो; यदि दोनों दिन हो, तो जिस दिन वह अपराह्न में अधिक समय रहे; बराबर हो तो अमावस्या का नियम।

शब्दों के अर्थ: अमांत और पूर्णिमांत · पूर्णिमा और अमावस्या · पंचांग · प्रातःकाल, मध्याह्न और अपराह्न

आपके स्थान के लिए गणना: NASA JPL की DE440 सारणियों और Astronomy Engine सॉफ़्टवेयर (MIT लाइसेंस) से, लाहिरी अयनांश के साथ। समय छपे पंचांगों से एक-दो मिनट अलग हो सकता है। व्रत और पूजा के समय के लिए अपने परिवार या मंदिर की परंपरा मानें।

हम गणना कैसे करते हैं

स्रोत और लाइसेंस

हमारी व्याख्या
इस साइट के लिए यहाँ दिए स्रोतों के आधार पर लिखा गया, और उन्हीं से मिलाया गया। श्रेय देकर आप इसे उद्धृत कर सकते हैं।
जाँच
दिए गए स्रोतों से मिलाया गया, 15 अक्टूबर 2026।
अद्यतन
27 अक्टूबर 2026

सभी स्रोत और लाइसेंस

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